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Saturday, 20 December 2014

रहने दे....!!

रहने दे!
मुझे कहने दे,सब कहने दे...
ये दिन रात की उलझन रहने दे..
थक गया दिल धड़क धड़क के,
अब रूह को भी चैन से बहने दे..
नही ख़बर तुझ को जो मेरी,
मुझ को भी बे फ़िक्र ही रहने दे..
ना तुम आना ना मैं आऊ,
....प्यार को किसी ताख पे रहने दे..
तू मसरूफ़ रहना इस दुनिया में
...मुझे अपने में ही  तु रहने दे ,
मुझे चाह नही चाँद सितारों की,
तेरे यादों के पत्थर रहने दे..
मुझे कहने दे ,सब कहने दे.....!!
मैं कुछ बोलु तुम कुछ सोचो
.. शिकवे शिक़ायत रहने दे..
अरमान नही कुछ ख़्वाब नही,
दिल की बात दिलों में रहने दे...
चल करते हैं दुनियादारी...
प्यार मोहब्त, इश्क, वफ़ा, सब रहने दे!!- saira

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